
Ranchi : झारखंड के पूर्व राज्यसभा सांसद महेश पोद्दार की मेहनत रंग लाई है। देशभर के वकीलों के लिए अनिवार्य ब्लैक कोट नियम में बदलाव और जिला अदालतों में सुविधाओं के विस्तार की मांग पर केंद्र सरकार सक्रिय हो गई। विधि एवं न्याय मंत्रालय ने पोद्दार के पत्र पर तुरंत संज्ञान लिया और प्रस्ताव को बार काउंसिल ऑफ इंडिया भेज दिया।
पोद्दार ने केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल को पत्र लिखकर कहा था कि अंग्रेजी राज से चली आ रही यह ब्लैक कोट व्यवस्था आज की जलवायु में फिट नहीं बैठती। गर्मी के मौसम में जिला अदालतों में वकील बेहाल हो जाते हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि हल्के रंगों या मौसम के अनुकूल कपड़ों का विकल्प हो। साथ ही, अदालतों में एयर कंडीशनिंग, साफ पानी, आरामदायक बैठने की जगह जैसी बुनियादी सुविधाएं बढ़ानी चाहिए।
मंत्रालय की संयुक्त सचिव वर्षा चंद्रा सिन्हा ने पत्र में पुष्टि की कि यह मामला बार काउंसिल के अधिकार क्षेत्र में है, इसलिए कार्रवाई के लिए भेज दिया गया। पोद्दार ने सरकार का आभार जताते हुए कहा, “न्याय व्यवस्था को मानवीय और आधुनिक बनाना आज की जरूरत है। इससे वकीलों का कार्य वातावरण सुधरेगा।”
यह पहल वकील भाइयों-बहनों के लिए राहत की उम्मीद जगाती है, खासकर भीषण गर्मी वाले राज्यों में।
