
हजारीबाग जिले के कटकमदाग थाना क्षेत्र से अपहृत दो नाबालिग भाई-बहन की हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी संजीत पासवान को गिरफ्तार कर लिया है. हजारीबाग एसपी अमन कुमार ने बताया कटकमदाग थाना क्षेत्र के ओला शोरूम के पास से एक 11 वर्षीय बच्ची और उसके 3 वर्षीय छोटे भाई के लापता होने की सूचना उनके पिता मो. आमिर ने दर्ज कराई थी. घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अमन कुमार ने विशेष जांच दल का गठन किया.जांच के दौरान 31 मई 2026 को सिंदूर स्थित श्मशान घाट के पास से बच्ची का शव बरामद हुआ, जिसके बाद पुलिस ने सघन सर्च अभियान चलाया और पास के ही एक कुएं से छोटे बच्चे का भी शव बरामद किया था. पकड़े गए आरोपी संजीत पासवान ने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल कर लिया है. उसने बताया कि वह ओला शोरूम में काम करता था और बच्ची से उसकी जान-पहचान थी. 27 मई 2026 को वह मोबाइल दिलाने के बहाने दोनों बच्चों को अपनी स्कूटी पर बैठाकर सिंदूर स्थित श्मशान घाट ले गया.वहां सुनसान जगह का फायदा उठाकर उसने बच्ची के साथ जबरदस्ती करने की कोशिश की और शोर मचाने पर उसकी गला घोंटकर हत्या कर दी. इसके बाद उसने बच्ची के भाई की भी गला घोंटकर हत्या कर दी. बच्चे का शव बोरे में भरकर कुएं में फेंक दिया. युवती का शव पास के ही नदी में फेंक दिया. पुलिस टीम ने आरोपी की निशानदेही पर कांड में प्रयुक्त स्कूटी और प्लास्टिक का बोरा बरामद कर लिया है. इस मामले के खुलासे में जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों और स्थानीय थाना प्रभारियों की अहम भूमिका रही.
