
चतरा जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त रवि आनंद ने आज सिमरिया प्रखंड क्षेत्र का दौरा कर राजकीय अनुसूचित जाति आवासीय बालिका उच्च विद्यालय, सिमरिया एवं रेफरल अस्पताल, सिमरिया का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने शिक्षा, छात्र कल्याण, आधारभूत सुविधाओं एवं स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त सर्वप्रथम राजकीय अनुसूचित जाति आवासीय बालिका उच्च विद्यालय, सिमरिया पहुंचे। उन्होंने विद्यालय परिसर का भ्रमण कर कक्षा-कक्ष, छात्रावास, भोजनालय, रसोईघर, शौचालय, पेयजल व्यवस्था, साफ-सफाई एवं अन्य आधारभूत सुविधाओं का निरीक्षण किया। विद्यालय परिसर में संचालित विभिन्न व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए उन्होंने छात्राओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी प्राप्त की। विद्यालय परिसर का निरीक्षण करते हुए उपायुक्त ने नालियों की साफ-सफाई नियमित रूप से सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही नालियों के ऊपर लगे क्षतिग्रस्त लोहे की जालियों को शीघ्र बदलने तथा परिसर की स्वच्छता व्यवस्था को और बेहतर बनाने को कहा। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कक्षा-कक्षों में रखे टूटे एवं जर्जर टेबल-बेंचों को देखकर उनकी मरम्मत कराने तथा आवश्यकता के अनुसार नए टेबल-बेंच उपलब्ध कराने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया। उपायुक्त ने विद्यालय की छात्राओं से सीधे संवाद कर पठन-पाठन की स्थिति, शिक्षकों की उपलब्धता, छात्रावास में मिलने वाली सुविधाएं, भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने छात्राओं को मन लगाकर पढ़ाई करने, अनुशासन बनाए रखने तथा उपलब्ध अवसरों का बेहतर उपयोग करने के लिए प्रेरित किया। निरीक्षण के दौरान विद्यालय परिसर स्थित रसोईघर की व्यवस्था को देखकर उपायुक्त ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों एवं कर्मियों को निर्देश दिया कि रसोईघर की साफ-सफाई एवं रखरखाव में तत्काल सुधार किया जाए तथा यह सुनिश्चित किया जाए कि छात्राओं को निर्धारित मानकों के अनुरूप पौष्टिक एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध हो। उन्होंने कहा कि छात्राओं के स्वास्थ्य एवं पोषण से किसी प्रकार का समझौता स्वीकार्य नहीं होगा। इस दौरान विद्यालय भवन निर्माण से संबंधित लंबित एवं अधूरी परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई। निरीक्षण के क्रम में जानकारी दी गई कि कुछ विद्यालयों में पूर्व से अधूरे भवन निर्माण के मामलों में संबंधित लापरवाह व्यक्तियों के विरुद्ध कार्रवाई की गई है। इस पर उपायुक्त ने मामले की समीक्षा करते हुए नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया, ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण एवं आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
विद्यालय निरीक्षण के उपरांत उपायुक्त ने रेफरल अस्पताल, सिमरिया का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने अस्पताल में चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों की उपस्थिति, मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही स्वास्थ्य सेवाएं, दवा वितरण व्यवस्था, साफ-सफाई एवं अन्य व्यवस्थाओं की विस्तार से समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने पंजीकरण कक्ष, दवा वितरण कक्ष, ड्रेसिंग रूम, ऑपरेशन थियेटर, एक्स-रे कक्ष, प्रसव कक्ष, ऑब्जर्वेशन कक्ष, ट्रायएज कक्ष, बेबी कॉर्नर, आयुष्मान मदर एंड न्यूबॉर्न केयर यूनिट, आयुष्मान वार्ड, महिला वार्ड, जनरल वार्ड सहित विभिन्न चिकित्सा इकाइयों का निरीक्षण कर उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने अस्पताल में भर्ती मरीजों एवं उनके परिजनों से बातचीत कर स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता एवं दवा उपलब्धता के संबंध में फीडबैक भी प्राप्त किया। उपायुक्त ने अस्पताल परिसर की स्वच्छता व्यवस्था को और सुदृढ़ करने, मरीजों को समय पर उपचार उपलब्ध कराने तथा आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि आमजन को बेहतर एवं सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त ने निर्माणाधीन नए अस्पताल भवन का भी जायजा लिया तथा निर्माण कार्य की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध तरीके से कार्य पूर्ण कराने का निर्देश दिया।उपायुक्त ने कहा कि शिक्षा एवं स्वास्थ्य दोनों ही विकास के महत्वपूर्ण आधार हैं। विद्यालयों एवं स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध सुविधाओं की नियमित निगरानी से ही आमजन को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकती हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि निरीक्षण के दौरान दिए गए सभी निर्देशों का समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित करें। इस अवसर पर जिला शिक्षा पदाधिकारी दिनेश कुमार मिश्रा, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी शकील अहमद, जिला योजना सह कल्याण पदाधिकारी शिशिर पंडित, प्रखंड विकास पदाधिकारी, सिमरिया सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।
