
चतरा। चतरा सदर प्रखंड कार्यालय परिसर 11 जनवरी को एक ऐतिहासिक क्षण का साक्षी बना, जब झारखंड आंदोलन के प्रणेता और ‘दिशोम गुरु’ के नाम से विख्यात स्वर्गीय शिबू सोरेन की आदमकद प्रतिमा का विधि- विधान के साथ भव्य अनावरण किया गया। आदिवासी एकता मंच के बैनर तले आयोजित इस कार्यक्रम में हजारों की संख्या में लोगों की सहभागिता देखी गई।पूरा परिसर पारंपरिक आदिवासी कला, झारखंडी प्रतीकों और संघर्षपूर्ण नारों से सराबोर रहा। समारोह का शुभारंभ पूर्व राज्यसभा सांसद धीरज प्रसाद साहू द्वारा प्रतिमा के अनावरण के साथ किया गया। इस अवसर पर मंच पर उपस्थित पूर्व कैबिनेट मंत्री सह लोहरदगा विधायक डॉ. रामेश्वर उरांव, मनिका विधायक रामचंद्र सिंह चेरो, कोलेबिरा विधायक नमन विकस्ल कोनगाड़ी एवं जगन्नाथपुर विधायक सोनाराम सिंकु ने दिशोम गुरु के संघर्षों को झारखंड की आत्मा बताया। नेताओं ने कहा कि शिबू सोरेन ने जल- जंगल- जमीन और आदिवासी अधिकारों की रक्षा के लिए जो आंदोलन किया, वह आज भी आने वाली पीढ़ियों के लिए मार्गदर्शक है। कार्यक्रम की जानकारी देते हुए प्रखंड कांग्रेस नेताओं ने बताया कि प्रतिमा स्थापना जनभावनाओं से जुड़ा एक ऐतिहासिक निर्णय है, जिसे जनता की मजबूत इच्छाशक्ति और संगठनात्मक एकता ने साकार किया। समारोह में ग्रामीणों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, बुद्धिजीवियों, युवाओं एवं छात्र- छात्राओं की उल्लेखनीय भागीदारी रही। “बिरसा मुंडा अमर रहे”, “नीलांबर- पीतांबर अमर रहे”, “दिशोम गुरु शिबू सोरेन अमर रहे” के गगनभेदी नारों के बीच कार्यक्रम ने झारखंडी पहचान, संघर्ष और स्वाभिमान की विरासत को नई ऊर्जा प्रदान की।
