
कान्हाचट्टी (चतरा): प्रखंड क्षेत्र के कई गांवों में बिजली विभाग की लापरवाही लोगों की जान पर भारी पड़ सकती है। कई स्थानों पर 11 हजार वोल्ट (11 केवी) के हाई वोल्टेज बिजली तार खतरनाक तरीके से नीचे झूल रहे हैं। मानसून के दौरान तेज हवा और बारिश के कारण इन तारों से कभी भी बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है।
ग्रामीणों का कहना है कि कई जगहों पर बिजली के तार जमीन के बेहद करीब आ गए हैं, जिससे खेतों में काम करने वाले किसानों, राहगीरों और मवेशियों के करंट की चपेट में आने का खतरा लगातार बना रहता है। लोगों में भय का माहौल है और वे हर समय किसी अनहोनी की आशंका से चिंतित हैं। ग्रामीणों के अनुसार, इस समस्या की जानकारी कई बार बिजली विभाग के अधिकारियों को लिखित एवं मौखिक रूप से दी जा चुकी है। इसके बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग की उदासीनता के कारण समस्या दिन-प्रतिदिन गंभीर होती जा रही है। स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन एवं बिजली विभाग के उच्च अधिकारियों से अविलंब हस्तक्षेप कर झूलते बिजली तारों को सुरक्षित ऊंचाई पर लगाने और जर्जर बिजली व्यवस्था को दुरुस्त करने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते आवश्यक कदम नहीं उठाए गए और कोई जनहानि होती है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।
कान्हाचट्टी संवादाता नितेश कुमार सिंह
