
रांची:- सोमवार को बिरसा कृषि विश्वविद्यालय में दो दिवसीय खरीफ कर्मशाला का आयोजन हुआ । सभी जिला के कृषि पदाधिकारियों ने आने वाले मौसम को ध्यान में रखते हुए जिलों में किए जा रही तैयारियों को एक प्रेजेंटेशन के माध्यम से बतलाया । आने वाले मौसम में यदि राज्य में सूखे की आशंका बनती है तो, जिलों में किस प्रकार की तैयारियां की जा रही है इससे अवगत कराया ।
सूखे की स्थिति में किसानों को राहत पहुंचाना प्राथमिकता
बिरसा विश्वविद्यालय के कुलपति श्री एससी दुबे ने कर्मशाला में सभी जिला के कृषि पदाधिकारियों को एक प्रेजेंटेशन के माध्यम से जानकारी दी कि प्राकृतिक आपदा (सूखे की स्थिति) में हमलोग किस प्रकार की तैयारी करें कि किसानों को ज़्यादा से ज्यादा राहत पहुँचा सकें। उन्होंने बतलाया कि जुलाई के अंतिम सप्ताह तक सभी तैयारियाँ और प्लान सुनिश्चित कर लें। बीज वितरण को प्राथमिकता के साथ लें। नर्सरी प्रबंधन पर फोकस करें। इंटरक्रॉपिंग भी साथ साथ करें। सूखे की यदि थोड़ी भी संभावना दिखे तो उसे देखते हुए युरिया का प्रयोग सावधानी के साथ करें। सॉइल कांजेर्वेशन और रेन वाटर हार्वेस्टिंग को प्राथमिकता दें। बागवानी भी साथ-साथ में करें। आम-लीची के पेड़ लगायें। पानी की कमी है तो खेत खाली ना छोड़े बल्कि ख़रीफ़ सब्जी लगायें। उन्होंने यह भी कहा कि यदि झारखंड में किसानों की आय बढ़ानी है तो सिर्फ़ खेती पर निर्भर ना रहें बल्कि किसानों को पशुपालन के लिए भी प्रेरित करें ।
राज्य में मानसून के मद्देनज़र सभी तैयारियां करें सुनिश्चित
उपनिदेशक , सांख्यिकीय,श्री शैलेन्द्र कुमार ने कहा कृषि मंत्री श्रीमती शिल्पी नेहा तिर्की ने सभी पदाधिकारियों को निदेश दिया है कि राज्य में यदि सूखे की स्थिति बनती है तो इस मद्देनज़र सभी स्तर पर व्यापक तैयारियां सुनिश्चित किया जाए। सूखे की स्थिति में अन्य विकल्पों पर कार्य करें। कृषि विभाग से जुड़े सभी प्रभाग को बेहतर समन्वय बनाते हुए सभी तैयारियाँ रखें ताकि किसी भी प्रकार की आपदा से निपटा जा सके और राज्य के किसानों को राहत मिल सके । इन सभी पर आकस्मिक योजना की जानकारी देने हेतु 11 एवं 12 मई को दो दिवसीय कर्मशाला का आयोजन किया जा रहा है। जहाँ पहले दिन सोमवार को कंटीजेंट प्लान(आकस्मिक योजना ) पर प्रेजेंटेशन दिया गया और मंगलवार को दूसरे दिन कर्मशला का आयोजन होगा ।
विभिन्न जिलों के कृषि पदाधिकारियों ने बतलाया कांटीजेंट प्लान
रांची के जिला कृषि पदाधिकारी श्री राम शंकर प्रसाद सिंह रांची जिला के कंटिंजेंट प्लान को एक प्रेजेंटेशन के माध्यम से जिले में की जा रही तैयारियों को बतलाया। इन्होंने कहा कि यदि राज्य में सूखे की स्थिति बनती है तो उस मुताबिक़ हमलोगों ने कांटीजेंट प्लान (आकस्मिक योजना) तैयार किया गया है ।
जिला कृषि पदाधिकारी खूँटी श्री हरिकेश ने खूँटी जिला में सूखे की स्थिति से निपटने के लिए बनायी गई आकस्मिक योजना की जानकारी एक प्रेजेंटेशन के माध्यम से दी ।
इसके अलावा राज्य के सभी जिला के कृषि पदाधिकारियों ने अपने- अपने जिलों में की जा रही तैयारियों की जानकारी दी ।
कार्यक्रम में कृषि विभाग से जुड़े पदाधिकारी, जिलों से आयें कृषि पदाधिकारी , संबंधित विभिन्न विभागों से जुड़े पदाधिकारीगण सहित बिरसा कृषि विश्वविद्यालय के पदाधिकारीगण, कृषि वैज्ञानिक आदि उपस्थित थे ।
