
Chatra : गिद्धौर प्रखंड मुख्यालय स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में सोमवार की देर शाम एक छात्रा की संदिग्ध परिस्थिति में मौत हो गई. छात्रा का शव विद्यालय के कमरे में पंखे से दुपट्टे के सहारे लटका मिला.मृतका की पहचान गिद्धौर थाना क्षेत्र के रूप में हुई है.वह नौवीं कक्षा की छात्रा थी.घटना की जानकारी मिलते ही विद्यालय परिसर में अफरा-तफरी मच गई.विद्यालय प्रबंधन छात्रा को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गया.जहां से उसे बेहतर इलाज के लिए चतरा सदर अस्पताल रेफर किया गया.सदर अस्पताल में चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया.पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. इधर घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीण और परिजन विद्यालय परिसर पहुंच गए.छात्रा की मौत से आक्रोशित ग्रामीणों ने विद्यालय प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया.सुबह सात बजे से दोपहर दो बजे तक ग्रामीणों का विरोध जारी रहा.सूचना पर बीडीओ राहुल देव, सीओ अनंत सयनम विश्वकर्मा और थाना प्रभारी पुरुषोत्तम अग्निहोत्री मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया.बाद में विधायक प्रतिनिधि कपिल कुमार,सांसद प्रतिनिधि मनोज कुमार कुशवाहा, जिला परिषद सदस्य प्रतिनिधि बालेश्वर यादव,सांसद प्रतिनिधि सतेंद्र कुमार दांगी, मुखिया निर्मला देवी, डेगन गंझू,दिनेश भारती,विजय भारती,बीरेंद्र भारती समेत अन्य लोगों ने ग्रामीणों के साथ बैठक कर उन्हें समझाया.इसके बाद कुछ देर के लिए स्थिति शांत हुई.हंगामे के दौरान एक महिला की तबीयत बिगड़ने से वह बेहोश हो गई.बाद में होश आने पर स्थिति सामान्य हुई.ग्रामीणों ने छात्रा की मौत को लेकर हत्या की आशंका जताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है.उनका आरोप है कि विद्यालय प्रबंधन की लापरवाही के कारण यह घटना हुई है. ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों पर भी विद्यालय का नियमित निरीक्षण नहीं करने का आरोप लगाया.थाना प्रभारी पुरुषोत्तम अग्निहोत्री ने परिजनों और ग्रामीणों को निष्पक्ष जांच का भरोसा दिलाया.उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा.जांच के लिए रांची से एफएसएल की टीम भी पहुंच रही है.घटना की सूचना पर सिमरिया एसडीपीओ नागरगोजे शुभम भाऊ साहब विद्यालय पहुंचे.उन्होंने छात्रा के कमरे का बारीकी से निरीक्षण किया और विद्यालय की अन्य छात्राओं से पूछताछ कर जानकारी जुटाई.वहीं, समादेष्टा कार्यालय के इंस्पेक्टर माजिद आलम भी विद्यालय पहुंचे.उन्होंने ड्यूटी पर तैनात महिला होमगार्ड कर्मियों से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पूछताछ की. उन्होंने कहा कि विद्यालय की सुरक्षा में किसी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.लापरवाही बरतने वालों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी.
दो दिनों से छुट्टी पर थीं वार्डेन
विद्यालय की प्रभारी वार्डेन ने बताया कि नियमित वार्डेन जेटेट परीक्षा में शामिल होने के लिए दो दिनों की छुट्टी पर थीं. इस दौरान उन्हें प्रभार सौंपा गया था. उन्होंने बताया कि सोमवार की रात करीब साढ़े आठ बजे तक सभी छात्राएं विद्यालय परिसर में थीं.रात्रि भोजन के लिए घंटी बजने पर सभी छात्राएं भोजन करने पहुंच गईं.लेकिन प्रियंका नहीं पहुंची.जानकारी मिलने पर उसके कमरे में गए तो दरवाजा अंदर से बंद था. दरवाजा खुलवाने पर छात्रा पंखे से लटकी मिली.इसके बाद उसे तत्काल अस्पताल ले जाया गया.जहां बेहतर इलाज के लिए चतरा सदर अस्पताल रेफर किया गया.वहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
मां ने वार्डेन पर लगाया प्रताड़ित करने का आरोप
मृतका की मां सुनीता देवी ने थाने में आवेदन देकर विद्यालय की प्रभारी वार्डेन बिंदु पोद्दार पर गंभीर आरोप लगाए हैं. आवेदन में कहा गया है कि प्रभारी वार्डेन उनकी पुत्री से काम करवाती थीं और काम नहीं करने पर गाली-गलौज करती थीं.मां के अनुसार, सोमवार की रात करीब 10 बजे प्रभारी वार्डेन ने गांव के सिकंदर दांगी के मोबाइल पर फोन कर पुत्री की तबीयत खराब होने की सूचना दी और बताया कि उसका इलाज गिद्धौर अस्पताल में चल रहा है.इसके बाद परिजन अस्पताल पहुंचे तो पता चला कि छात्रा को चतरा सदर अस्पताल ले जाया गया है.वहां पहुंचने पर उन्हें पुत्री की मौत की जानकारी मिली.घटना के बाद सिमरातरी गांव में मातम पसरा हुआ है. वहीं, परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.
