
लावालौंग/चतरा : शुक्रवार को प्रखण्ड कार्यालय से करीब 100 गज की दूरी पर स्थित अनुसूचित जनजाति आवासीय उच्च विद्यालय के प्रांगण में अंतर्राष्ट्रीय योगा दिवस का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का नेतृत्व प्रखण्ड कार्यालय से प्रखण्ड विकास पदाधिकारी विपिन कुमार भारती तथा अंचल कार्यालय से अंचल अधिकारी सुमित कुमार झा ने किया जबकि योगासन का शुभारंभ प्रमोद कुमार साहू, खगेश्वर कुमार ने संयुक्त रूप से योग कराया।इस मौके पर कस्तूरबा विद्यालय के छात्रा तथा आवासीय विद्यालय के शिक्षक के अलावे छात्र- के द्वारा कई तरह के स्लोगन और योग के लाभ पर भी व्यापक प्रकाश उपस्थित शिक्षकों और पदाधिकारियों के द्वारा प्रकाश डाला गया। कहा गया कि नियमित योग करने से मनुष्य निरोग और दीर्घायु होता है योग हमारे भारत के प्राचीन काल से चला आ रहा एक ऐसा मंत्र है जिससे आज पूरी दुनिया लाभान्वित हो रही है। ऐसे ही कार्यों से भारत विश्व में विख्यात हो रहा है। योग करने से कई तरह की जान लेवा बीमारियों से बचा जा सकता है। जैसे घुटनों का दर्द,कमर का दर्द,नसों में जकड़न,दिल,गुर्दा,फेफड़ा और सांस की बीमारियों से निजात मिलता है। यह भी बताया गया कि योग का उल्लेख सबसे पहले ऋग्वेद उपनिषदों में मिलता है।सदियों पुरानी हमारी प्रथा आज अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर ख्याति प्राप्त कर चुका है जो गौरव की बात है।नियमित योग करने से शारीरिक मानसिक नैतिक आध्यात्मिक और सामाजिक विकास से जुड़ा हुआ है।योग जीवन जीने की एक अनूठा कला भी है।योग में चौरासी बुनियादी आसान हैं जिसके माध्यम से व्यक्ति अपनी चेतना को और आगे बढ़ा सकता है।अष्टांग के माध्यम से यम,नियम,आसन, प्राणायाम तथा धारण,ध्यान,समाधि अंतरंग के नाम से प्रसिद्ध हैं। इन सब के नियमित अभ्यास से मानव शरीर में उत्पन्न होने वाली बीमारियों से भली भांति बचा जा सकता है।राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर योग की महत्ता बढ़ी है।इसे घर घर तक पहुंचाने पर बल दिया गया।यह भी शपथ लिया गया कि अपने अपने मुहल्लों में योग को लेकर जागरूकता कार्यक्रम चलाया जायेगा।
संवाददाता, मो० साजिद
