
चतरा सदर अनुमंडल पदाधिकारी सह कौलेश्वरी विकास प्रबंधन समिति के अध्यक्ष मोहम्मद जहूर आलम के द्वारा मां कौलेश्वरी पर्वत के तलहटी क्षेत्र में आयोजित होने वाले 9 दिवसीय रामनवमी मेला की तैयारियों के परिप्रेक्ष्य में एक महत्वपूर्ण बैठक आहूत की गई।
इस बैठक में उन्होंने मेला स्थल पर आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और व्यवस्थाओं को लेकर कई आवश्यक पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की।
व्यवस्थाओं को लेकर विस्तृत समीक्षा
एसडीओ ने कहा कि रामनवमी के अवसर पर माता कौलेश्वरी के दर्शन हेतु भारी संख्या में भक्तजन पहुँचते हैं, इसलिए सभी आवश्यक सुविधाएँ पहले से सुनिश्चित कर देना अत्यंत आवश्यक है। बैठक में निम्न बिंदुओं पर विशेष रूप से विचार-विमर्श किया गया—
मेला क्षेत्र और पर्वत पर पेयजल की निर्बाध उपलब्धता,पूरे परिसर में प्रकाश व्यवस्था को मजबूत बनाना सुरक्षा प्रबंध,आपात स्थिति में त्वरित सहायता,भीड़ नियंत्रण और मार्गों पर सुगम आवागमन सुनिश्चित किया जाए।
पुलिस बल की पर्याप्त तैनाती और चौकसी पर बल
एसडीओ ने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि मेला अवधि में सुरक्षा व्यवस्था को हर हाल में सुदृढ़ रखा जाए तथा किसी भी परिस्थिति में लापरवाही न होने पाए।
समिति द्वारा रखे गए प्रस्ताव पर अमली जामा पहनाने की कवायद शुरू
कौलेश्वरी प्रबंधन समिति ने मेला अवधि में पेयजल, प्रकाश और अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था करने की रूपरेखा एसडीओ के समक्ष प्रस्तुत की।
बैठक में यह भी तय किया गया कि आगे होने वाली बैठक में पुजारी समिति एवं सभी संबंधित सदस्यों की उपस्थिति अनिवार्य होगी, ताकि तैयारी में किसी प्रकार की कमी न रहे।
इसके साथ ही इस वर्ष कौलेश्वरी महोत्सव को दशहरा पर्व के दौरान आयोजित करने का प्रस्ताव भी रखा गया,जिस पर सकारात्मक विचार व्यक्त किया गया।
रामनवमी मेला क्यों है महत्वपूर्ण
माता कौलेश्वरी का यह पर्वतीय मंदिर पूरे क्षेत्र की आस्था का प्रमुख केंद्र है। रामनवमी के अवसर पर यहां लगने वाला 9 दिवसीय मेला—
भक्तिभाव, पारंपरिक संस्कृति और सामाजिक एकता का प्रतीक है
स्थानीय व्यापार और रोजगार को बड़ा सहारा प्रदान करता है
दूर-दराज़ जिलों से आने वाले श्रद्धालुओं के कारण पर्यटन को भी बढ़ावा देता है
ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसी कारण प्रशासन ने इस बार की तैयारियों को अधिक गंभीरता से लेते हुए सभी विभागों को स्पष्ट एवं समयबद्ध दिशा-निर्देश दिए हैं।
इस बैठक में शिक्षक सह समाज सेवी रविन्द्र कुमार रवि ,कौशलेंद्र कुमार सिंह, पिंटू सिंह, कमल कुमार केसरी, मिथिलेश श्रीवास्तव,अशोक यादव, बसंती पन्ना तथा अनेक स्थानीय प्रतिनिधि और समिति सदस्य उपस्थित रहे।
