
Chatra : विगत कुछ माह में विभिन्न मीडिया सूचनाओं, स्थानीय जनप्रतिनिधियों, आमजनों के माध्यम से टण्डवा क्षेत्र अंतर्गत कोयला लदे वाहनों के तेज रफ्तार के कारण लगातार होनेवाली दुर्घटनाओं की सूचनाएं प्रशासन को प्राप्त हो रही है। सड़क दुर्घटना से लोगों की मृत्यु एवं घायल होने के फलस्वरूप आक्रोशित लोगों के द्वारा सड़क जाम एवं विधि व्यवस्था की समस्या उत्पन्न होती है। इसको लेकर कड़ा कदम उठाते हुए डीसी द्वारा अवैध उत्खन्न, परिवहन, भंडारण की सतत् जांच, लगातार छापेमारी अभियान चलाने के लिए उपायुक्त श्री रमेश घोलप के निर्देशानुसार विशेष टास्क फोर्स का गठन किया गया। साथ ही नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन मालिक, वाहन चालक, ट्रासंपोर्टर एवं संबंधित एजेंसी की लापरवाही के लिए जिम्मेदार व्यक्तियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई करने का निर्देश उपायुक्त ने दिया।उपायुक्त श्री रमेश घोलप ने पिछले एक वर्ष में हुए सड़क दुर्घटना का एवं कृत कारवाई का विस्तृत रिर्पोट एसडीओ, डीएमओ और एसडीपीओ को दो दिन में उपलब्ध कराने का आदेश दिया। अवैध पत्थर खनन को लेकर भी अब सख़्त कार्रवाई का संकेत उपायुक्त श्री रमेश घोलप के दिया है। विगत सप्ताह में डीसी के निर्देशानुसार 31 मई 2024 को हंटरगंज थाना क्षेत्र में डीटीओ, डीएमओ, खान निरीक्षक द्वारा जांच अभियान चलाया गया। जांच के क्रम में यह पाया गया कि 03 खनिज लोड वाहन के चालान में अंकित खनिज से अधिक मात्रा में खनिज का परिवहन किया जा रहा था। उसपर प्राथमिकी दर्ज की गई थी।जांच के क्रम में चालान M/s MSU Enterprises द्वारा निर्गत पाया गया । जिसमें वास्तविक मात्रा से कम मात्रा अंकित कर राजस्व की चोरी की जा रही थी। झारखण्ड लघु खनिज समनुदान नियमावली-2004 के नियम-44 के तहत अंचल हंटरगंज, थाना वशिष्टनगर, थाना नं0-149, मौजा करमाही, खाता संख्या-07, प्लॉट संख्या-12, रकबा-4.26 एकड़ क्षेत्र का धारित प्रशाखीय मापी हेतु टीम का गठन किया गया हैं। गठित टीम को यह निर्देश दिया गया कि उपरोक्त खनन पट्टा क्षेत्र के नियमानुसार प्रशाखीय मापी कर जांच प्रतिवेदन समर्पित करेंगे।किसी अनियमितता पर सख़्त क़ानूनी एवं दंडात्मक कार्रवाई होगी।
छापेमारी अभियान का हर पंद्रह दिन पर होगी समीक्षा
विशेष रूप से गठित टास्क फोर्स को निर्देश दिया गया कि अपने स्तर से अपने क्षेत्राधिकार के अनुरूप स्वयं भी व आपसी समन्वय स्थापित करते हुए प्रतिदिन अवैध उत्खन्न, परिवहन व भंडारण आदि की व्यापक छापेमारी अभियान चलाकर कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाय। साथ ही जांच प्रतिवेदन हर 15 दिनों पर समर्पित करने का निर्देश दिया। उपायुक्त ने अनुमण्डल पदाधिकारी, अनुमण्डल पुलिस पदाधिकारी एवं जिला खनन पदाधिकारी को निर्देशित करते हुए कहा कि जिले में किसी भी सुरत में अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण न हो यह सुनिश्चित करें। साथ ही कहा अवैध पत्थर खदान के विरूद्ध नियम संगत कार्रवाई करें । राजस्व की चोरी बिलकुल भी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
