
हजारीबाग में झारखंड जन संस्कृति मंच की ओर से आयोजित मासिक कवि सम्मेलन सह सम्मान समारोह कोर्रा स्थित मिराकल कोचिंग सेंटर में भव्यता के साथ संपन्न हुआ। इस साहित्यिक आयोजन में जिले एवं राज्य के 40 से अधिक रचनाकारों की सहभागिता रही। सभी रचनाकारों को लेखक का प्रतीक ‘कलम’ एवं सम्मान पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।कार्यक्रम की अध्यक्षता कवि आशु कवि प्रमोद रंजन ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में पर्यावरणविद सुरेंद्र सिंह एवं कवि अजय कुमार उपस्थित रहे। प्रारंभ में शंकर गुप्ता ने वर्षांत के इस मासिक कवि सम्मेलन में सभी रचनाकारों का स्वागत किया। कार्यक्रम की शुरुआत कवयित्री एवं प्राध्यापिका डॉ. प्रमिला गुप्ता की सशक्त रचनाओं से हुई, जिन्हें श्रोताओं ने खूब सराहा। इसके बाद शिक्षक कवि संजय हजारीबागी, ग़ज़लकार रुबीना वफ़ा, छात्रा कवयित्री राजश्री, लेखक कवि अमरेज़ अंसारी सहित अनेक कवियों ने सामाजिक, संवेदनशील और समसामयिक विषयों पर प्रभावी काव्य पाठ किया। खोरठा, हिंदी और उर्दू की रचनाओं ने श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कवि अनंत ज्ञान, राजू विश्वकर्मा, टी.पी. पोद्दार, अरविंद झा, सुप्रिया रश्मि, संजीत, डॉ. रमेश शर्मा, विजय कुमार राणा सहित कई रचनाकारों की प्रस्तुतियों को भरपूर सराहना मिली। संगीत और कविता के संगम में प्रांशु प्रांजल ने गिटार के साथ फिल्मी गीत प्रस्तुत कर विशेष आकर्षण बटोरा।अध्यक्षीय संबोधन में आशु कवि प्रमोद रंजन ने विविध और रंग-बिरंगी रचनाओं की प्रशंसा करते हुए लेखन को समाज के लिए आवश्यक बताया और रचनाकारों से सतत लेखन का आह्वान किया। कार्यक्रम के अंत में अवकाश प्राप्त शिक्षक एवं संघ के समर्पित नेता रामेश्वर प्रसाद गुप्ता के आकस्मिक निधन पर दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ. प्रमिला गुप्ता ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन शंकर गुप्ता द्वारा प्रस्तुत किया गया।
