
चतरा जिले के पत्थलगड़ा प्रखंड में पिछले छह दिनों से एक जंगली हाथी ने डेरा डाल रखा है। ग्रामीणों में उसकी लगातार आवाजाही से दहशत फैल गई है। हाथी ने कई घरों को तोड़ा और फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया। शुरुआत में वन विभाग की सुस्ती पर सवाल उठे, लेकिन अब जिला प्रशासन और वन विभाग की टीम सक्रिय हो गई। गिद्धौर प्रखंड के खलारी गांव में हाथी के उत्पात की खबर मिलते ही अंचलाधिकारी अनंत सयनम विश्वकर्मा और वनरक्षी संजय कुमार ने प्रभावित इलाके का दौरा किया। उन्होंने किसानों थोमस मुंडा और पोलूस मुंडू से नुकसान की जानकारी ली तथा मुआवजे का भरोसा दिलाया। सीओ ने ग्रामीणों को सतर्क रहने की हिदायत दी—रात में समूह में रहें और जंगल की ओर न जाएं। वनरक्षी ने बताया कि क्षति का आकलन पूरा हो चुका है। रिपोर्ट रेंज कार्यालय चतरा भेजी जा रही है, जल्द ही मुआवजा मिलेगा। निरीक्षण में समाजसेवी रंजन कुमार, राजस्व उपनिरीक्षक पप्पू यादव समेत कई ग्रामीण उपस्थित रहे।
