
हजारीबाग पुलिस ने संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पाण्डेय गिरोह से जुड़े कुल सात अपराधियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई 17 दिसंबर 2025 की रात करीब 12:10 बजे की गई, जब पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि चरही–बादम सड़क के पास ग्राम इंद्रा के जंगल में कुछ अपराधी हथियारों के साथ बड़ी डकैती की योजना बना रहे हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक हजारीबाग के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी विष्णुगढ़ श्री वैद्यनाथ प्रसाद के नेतृत्व में विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया गया। टीम ने चरही थाना क्षेत्र के इंद्रा जंगल में छापेमारी की, जहां पुलिस को देखकर अपराधी भागने लगे, लेकिन जवानों ने तत्परता दिखाते हुए सभी को घेराबंदी कर पकड़ लिया।
तलाशी के दौरान आलोक राज और लक्ष्मण पासवान के पास से एक-एक देशी हथियार लोडेड अवस्था में बरामद किया गया, जबकि अन्य आरोपियों के पास से मोबाइल फोन मिले। पूछताछ में सभी ने स्वीकार किया कि वे कुख्यात पाण्डेय गिरोह के लिए काम करते हैं और गिरोह के सक्रिय सदस्य ओमप्रकाश उर्फ प्रकाश साव के निर्देश पर बड़कागांव, केरेडारी, पगार, गिद्दी और पतरातु क्षेत्रों में रंगदारी वसूली के लिए धमकी देते थे।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार सभी अभियुक्तों का आपराधिक इतिहास रहा है और वे पूर्व में कई संगीन मामलों में जेल जा चुके हैं। छापेमारी के दौरान एक देशी कट्टा, एक देशी पिस्टल, कुल चार जिंदा गोलियां और सात एंड्रॉयड मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।
इस कार्रवाई में हजारीबाग पुलिस के वरीय अधिकारियों समेत विभिन्न थानों के पुलिस पदाधिकारी एवं तकनीकी शाखा की अहम भूमिका रही। पुलिस ने सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजते हुए आगे की जांच शुरू कर दी है। इस सफलता को जिले में संगठित अपराध पर बड़ी चोट के रूप में देखा जा रहा है।
