
लावालोंग /चतरा : लगातार पांच वर्षों से पुलिस को गुमराह कर फरार चल रहे अभियुक्त के साथ एक अन्य को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।उक्त विषय की जानकारी देते हुए थाना प्रभारी प्रशांत कुमार मिश्रा ने बताया कि 2020 में मंधनियां गाँव की एक नाबालिक लड़की ने लावालौंग गाँव निवासी इनामुल अंसारी के विरुद्ध यौन शोषण और अपहरण का मामला दर्ज कराया था।जिसमें उसने कहा था कि इनामुल बहला फुसलाकर मेरे साथ कई बार यौन शोषण कियाहै।जिसके कारण एक बार गर्भवती हो जाने के बाद उसने मेरा गर्भपात भी करवाया था।उसके साथ संबंध रखने से इनकार करने के बाद इनामुल बाजबरन मुझे अपहरण करके ले गया था और बेरहमी से मेरा यौन शोषण करने के बाद छोड़ दिया था।किसी तरह घर पहुँचकर मैंने परिजनों को बताकर लावालौंग थाना पहुँचकर इनामुल के विरुद्ध मामला दर्ज कराया।मामला दर्ज होने की सूचना पाकर इनामुल फरार हो गया।थाना प्रभारी ने बताया कि कानूनी कारवाई के डर से इनामुल और उसकी पत्नी ने पुलिस और कानून को गुमराह करना शुरू कर दिया।इनामुल के कहने पर उसकी पत्नी ने न्यायालय के माध्यम से अपने पति के अपहरण का मामला नाबालिक के परिजनों के ऊपर दर्द कराया था।इसके बाद पांच वर्षों तक इनामुल की पत्नी अपने पति की हत्या होने का रोना रोते रही।इसके बाद पुलिस अधीक्षक चतरा को गुप्त सूचना मिली कि इनामुल सही सलामत है।इसके बाद उनके निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी शुभम खंडेलवाल के नेतृत्व में छापामारी दल का गठन कर मजबूत सूचना तंत्र के आधार पर इनामुल को लावालौंग थाना क्षेत्र से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।वहीं दूसरी घटना के अनुसार पशांगम गाँव के एक व्यक्ति ने बिते गुरूवार को अपने ही गांव के उमेश गंझू के ऊपर अपनी नाबालिक पुत्री को भगाने का मामला दर्ज कराया था।त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने चौबीस घंटे के अंदर उमेश गंझू को भी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।छापेमारी दल में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी एवं थाना प्रभारी के साथ साथ सशस्त्र बल के जवान भी उपस्थित थे।
रिपोर्टर मो0 साजिद
