
Chatra : जिले में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त एवं सुलभ बनाने की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए समाहरणालय परिसर से सीएसआर योजनांतर्गत प्राप्त एम्बुलेंस एवं बाइक सेवा का आज विधिवत शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर चतरा लोकसभा के माननीय सांसद कालीचरण सिंह, चतरा विधानसभा क्षेत्र के माननीय विधायक जनार्दन पासवान, सिमरिया विधानसभा क्षेत्र के माननीय विधायक कुमार उज्ज्वल, बड़कागांव के माननीय विधायक रौशन लाल चौधरी तथा उपायुक्त कीर्तिश्री द्वारा संयुक्त रूप से हरी झंडी दिखाकर एम्बुलेंस एवं बाइक को रवाना किया गया। इस मौके पर जिलेवासियों के लिए “जीवन तरंगिनी” निःशुल्क एम्बुलेंस सेवा की औपचारिक शुरुआत की गई। सेवा के सुचारु संचालन हेतु दो टोल-फ्री नंबर 6203997884 एवं 6203987910 जारी किए गए हैं, जो 24 घंटे, सातों दिन सक्रिय रहेंगे। इन नंबरों पर कॉल करने पर मरीजों को निकटतम प्रखंड से त्वरित रूप से निःशुल्क एम्बुलेंस सेवा उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे गंभीर रूप से बीमार अथवा दुर्घटनाग्रस्त मरीजों को समय पर स्वास्थ्य संस्थानों तक पहुंचाया जा सकेगा। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जनप्रतिनिधियों एवं उपायुक्त ने कहा कि यह पहल विशेष रूप से दूरदराज एवं ग्रामीण क्षेत्रों के लिए वरदान साबित होगी। उन्होंने कहा कि कई बार समय पर एम्बुलेंस उपलब्ध न होने के कारण मरीजों की जान खतरे में पड़ जाती है, ऐसे में यह सेवा जीवनरक्षक सिद्ध होगी और जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था को नई मजबूती प्रदान करेगी। बताया गया कि सीएसआर योजनांतर्गत एवं 104 डिस्ट्रिक्ट एम्बुलेंस सेवा के तहत कुल 10 एम्बुलेंस एवं 10 बाइक को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया है। सभी 10 एम्बुलेंस में जीपीएस ट्रैकिंग सिस्टम लगाया गया है, जिससे उनकी निगरानी एवं त्वरित लोकेशन सुनिश्चित की जा सकेगी। वहीं, 10 बाइक उन फील्ड लेवल स्वास्थ्यकर्मियों को उपलब्ध कराई गई हैं, जिनके पास स्वयं का वाहन नहीं है। इससे टीकाकरण, मल्टीपरपज कार्य, वीबीडी (Vector Borne Disease) सहित अन्य स्वास्थ्य संबंधी फील्ड कार्यों का निष्पादन सुगमता एवं समयबद्ध रूप से किया जा सकेगा। उद्घाटन समारोह में पुलिस अधीक्षक सुमित कुमार अग्रवाल, उप विकास आयुक्त अमरेंद्र कुमार सिन्हा, अनुमंडल पदाधिकारी सिमरिया सन्नी राज, अनुमंडल पदाधिकारी चतरा जहूर आलम, सिविल सर्जन चतरा, जिला स्वास्थ्य समिति के पदाधिकारी, चिकित्सक एवं अन्य स्वास्थ्यकर्मी उपस्थित थे। कार्यक्रम के अंत में जिला प्रशासन की ओर से आमजन से अपील की गई कि किसी भी आपात स्थिति में जारी टोल-फ्री नंबरों का अधिकतम उपयोग करें, ताकि समय पर निःशुल्क एवं प्रभावी चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
