
लावालौंग: प्रखंड क्षेत्र में इन दिनों मनरेगा की सारी हदें पार कर नियम कानूनों को ताख पर रखकर बिचौलियों की अपनी दादागिरी चल रही है, तथा अपने अपने पैकेट गर्मकरने में लगेपड़े हैं।यहाँ बिचौलियों के द्वारा सरकार की योजनाओं में घोर बंदरबाट किया जा रहा है। प्रखंड मुख्यालय से करीब 500 सौ गज की दूरी पर स्थित माॅडल स्कूल के पास बिचौलिए के द्वारा वन विभाग की भूमि पर सैकड़ों टीसीबी जेसीबी मशीन के द्वारा काट दिया गया। तथा दो डोभा भी आसपास जेसीबी मशीन द्वारा कार्य किया हुआ देखा जा सकता है।इन बिचौलियों के लिए पैसों के सामने किसी भी नियम कानून का कोई महत्व नहीं है। मनरेगा योजना से जहाँ हर हाथ को काम देकर मजदूरों का पलायन रोकने का लक्ष्य सरकार और विभाग का है वहीं मनरेगा योजना कार्य में प्रखंड प्रशासन एवं वन विभाग के नाक के सामने जेसीबी मशीन लगाकर मनरेगा योजनाओं का बंदरबाट किया जा रहा है।वहीं ग्रामीणों द्वारा कहने पर बिचौलियों का कहना है कि जिसे जो करना है कर ले हम अच्छे अच्छे प्रतिनिधियों और पदाधिकारियों को पैकेट में लेकर घुमते हैं।अब बड़ी बात यह है कि मनरेगा जैसी महत्वाकांक्षी योजना में बिचौलियों के द्वारा इस प्रकार की दबंगई से मजदूरों का क्या होगा।वहीं बिचौलिए नें इसी जमीन पर एक ही मेढ़ में दो डोभा जेसीबी मशीन से कटवाकर भी योजना का बंदरबाट किया है।बड़ी बात तो यह है कि क्षेत्र में बिचौलियों के द्वारा धड़ल्ले से वन विभाग की भूमि पर योजनाओं का कार्य जेसीबी मशीन के द्वारा करवाया जा रहा है परंतु प्रतिनिधि और विभाग के साथ साथ वन विभाग के कर्मी भी मुकदर्शक बनकर बंदरबाट करने में सहयोग प्रदान कर रहे हैं।
