
चतरा उपायुक्त कीर्तिश्री जी के निर्देशानुसार उगम फाउंडेशन के माध्यम से चतरा जिले में री-इमेजिंग आंगनबाड़ी विषय पर दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला दिनांक 19 जनवरी एवं 20 जनवरी 2026 को डीआरडीए के सभा कक्ष में संपन्न हुई। कार्यशाला में चतरा जिले के अंतर्गत सभी महिला पर्यवेक्षिकाओं के साथ-साथ प्रत्येक सेक्टर स्तर से मास्टर ट्रेनर के रूप में चिन्हित एक-एक आंगनबाड़ी सेविका सहित कुल 35 सेविकाओं को प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण के दौरान उगम फाउंडेशन द्वारा आंगनबाड़ी केंद्रों में नामांकित बच्चों के प्रारंभिक वर्षों के महत्व को प्रभावी ढंग से रेखांकित किया गया। कार्यशाला में यह स्पष्ट किया गया कि बच्चों के मस्तिष्क का लगभग 90 प्रतिशत विकास आठ वर्ष की आयु तक पूर्ण हो जाता है। इस दृष्टि से आंगनबाड़ी केंद्रों में उपस्थित बच्चों की देखभाल एक ‘कली या पुष्प’ के समान स्नेह, संवेदना और समर्पण के साथ किए जाने पर विशेष बल दिया गया। दो दिवसीय प्रशिक्षण के क्रम में आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों के स्वागत एवं अभिवादन की सकारात्मक पद्धतियों, खेल-खेल में अक्षर ज्ञान, संख्या ज्ञान सहित रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से बच्चों के सर्वांगीण विकास पर संक्षिप्त एवं व्यावहारिक चर्चा की गई। प्रशिक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत सेक्टरवार चयनित सेविकाओं को मास्टर ट्रेनर के रूप में तैयार किया गया है, जो अपने-अपने सेक्टर की अन्य सभी आंगनबाड़ी सेविकाओं को प्रशिक्षण प्रदान करेंगी, जिससे जिले में आंगनबाड़ी केंद्रों की गुणवत्ता में निरंतर सुधार सुनिश्चित हो सके। इस अवसर पर उपायुक्त के साथ समाज कल्याण पदाधिकारी सहित संबंधित विभाग के अधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।
