
Chatra : लावालौग प्रखंड के हेडुम गांव में एक बार फिर भोले-भाले ग्रामीणों का भरोसा लुट गया। बिहार का एक फर्जी लोन एजेंट, जो खुद को ‘कैशपोर’ का अधिकृत एजेंट बताकर घूम रहा था, ने करीब 40 ग्रामीणों से 30 हजार रुपये ठग लिए और गायब हो गया।गांव में धमकाते हुए उसने ग्रामीणों को लालच दिया—’बैंक लोन आसानी से मिलेगा!’ 10-12 सदस्यों के ग्रुप बनवाकर दस्तावेज शुल्क के नाम पर प्रति व्यक्ति पैसे ऐंठे। आठ दिनों में लोन खाते में आने का लॉलीपॉप देकर फरार। एक महीना गुजर गया, न एजेंट लौटा, न लोन आया। फोन स्विच ऑफ, आईडी प्रूफ फर्जी—सब कुछ खुलासा हो गया!आर्थिक तंगी से जूझ रहे ग्रामीणों की जमा पूंजी डूब गई। गांव में गुस्सा भरा माहौल है। ठगी के शिकार ग्रामीण बोले, ‘हमारी मजबूरी का फायदा उठाया!’ लावालौंग थाने में शिकायत दर्ज कराने की तैयारी जोरों पर। प्रशासन से मांग—आरोपी को पकड़ो, पैसे लौटाओ!यह घटना ग्रामीण इलाकों में फर्जी एजेंटों की बढ़ती साजिश को उजागर करती है। कब जागेगा प्रशासन? कब बनेगी जागरूकता?
रिपोर्टर मो0 साजिद
