लावालौंग: थाना क्षेत्र के कटिया पंचायत के भारती टोला गांव में प्रेम प्रसंग में हुए झड़प से गांव के ही एक युवक सुभाष कुमार उम्र १९ वर्ष की मौत हो गई।उक्त विषय की जानकारी देते हुए सुभाष के परिजनों ने बताया कि गांव के ही एक अन्य युवक और एक युवती घर से भाग गए थे।जिन्हें लड़की के परिजनों के द्वारा खोज कर वापस लाया गया।उन्हें लेकर जैसे ही कटिया गांव पहुंचे वैसे ही लड़के के साथ लड़की के परिजन मारपीट करना शुरू कर दिए।जिससे उसकी हालत गंभीर हो गई।मारपीट को देखकर सुबास छुड़ाने के लिए घटनास्थल पर पहुंचा इसी दौरान लोग उसके ऊपर ही टूट पड़े और बेरहमी से उसकी पिटाई कर दी। इस दौरान सुभाष के सिर के पिछले हिस्से में गहरी चोट लग गई और वह घायल होकर गिर पड़ा।ग्रामीणों के द्वारा पुलिस को सूचना देने के बाद पुलिस घटनास्थल पर पहुंची पुलिस को आते देख सभी आक्रमणकारी भाग खड़े हुए।इसके बाद पुलिस नें दोनों युवकों को थाना लाकर ऐंजूरी काटकर इलाज के लिए सिमरिया भेज दिया।स्थिति को देखते हुए सिमरिया रेफरल अस्पताल से भी तुरंत उन्हें हजारीबाग रेफर कर दिया गया। यहां भी इलाज के दौरान स्थिति को काफी बिगड़ते हुए देखकर उसे रिम्स रेफर कर दिया गया। यहां सोमवार की रात अचानक स्थिति काफी बिगड़ जाने के कारण सुबास की मौत हो गई।सुबास के परिजनों ने बताया कि लड़की के परिजनों ने दूसरे दूसरे स्थानों से गुर्गों को बुलवाकर सुबास के साथ बेरहमी से मारपीट करवाया है।घटना को अंजाम देने वाले गुर्गों में कटिया गांव के सूरजदेव भारती,बिजय भारती, सुनील भुइयां,लमटा पंचायत के जितन भुइयां,चतरा थाना क्षेत्र के टीकर गांव निवासी गोलू भुइयां,केदार भुइयां एवं चुकू गांव निवासी योगेश भुइयां का नाम शामिल है। इधर लावालौंग थाना के पदाधिकारियों से इस बावत पूछे जाने पर उन्होंने इतने बड़े मामले से पल्ला झाड़ते हुए कह दिया कि मृतक के परिजनों के द्वारा कोई आवेदन नहीं दिया गया है तो हम क्या कर सकते हैं।बड़ी सवाल तो यह है कि हत्या जैसे मामलों में भी स्थानीय पुलिस के द्वारा कोई भी स्वतः संज्ञान न लेकर मामले की लीपापोती करने का कार्य किया जा रहा है। ऐसे में क्षेत्र की जनता स्वयं को महफूज कैसे महसूस करें। समाचार लिखे जाने तक रांची रिम्स से शव लाने की प्रक्रिया की जा रही थी।
मो० साजिद

